उत्तर भाद्रपद नक्षत्र (Uttara Bhadrapada) — देवता, स्वभाव, फल और नाम अक्षर

उत्तर भाद्रपद — बुद्धिमान, ज्ञानवान, समझदार; ऊँच-नीच भेद नहीं; निर्दोष हृदय। गुस्सा नाक पर — क्षणिक; स्नेह में प्राण तक, चोट पर उग्र। मध…

Adhyatmic Official
July 29, 2026
0
0

🔮 उत्तर भाद्रपद (Uttara Bhadrapada) वैदिक ज्योतिष के २७ नक्षत्रों में 26वाँ नक्षत्र है। देवता अहिर्बुध्न्य, विंशोत्तरी दशा स्वामी शनि, राशि-सीमा मीन 3°20′–16°40′। अन्य नाम: अहिर्बुध्न्य · अल फर्ग अल मुखीर (अरबी)।

गहराई में शांति। साधना और कर्मफल; शनि स्वामी।

देवता अहिर्बुध्न्य — “तल में रहने वाला सर्प” की शास्त्रीय व्याख्या।

शास्त्रीय जन्मफल

शास्त्रीय संकेत: सात्विक वृत्ति, त्याग, धन और विद्वत्ता।

गुण संकेत: गहन, ज्ञानी, परिवर्तनकारी

आकृति / व्यक्तित्व

आकर्षक, चुम्बकीय; चेहरे पर स्मित। जातिकाएं मध्यम कद, विशाल सुंदर नेत्र।

स्वभाव

बुद्धिमान, ज्ञानवान, समझदार; ऊँच-नीच भेद नहीं; निर्दोष हृदय। गुस्सा नाक पर — क्षणिक; स्नेह में प्राण तक, चोट पर उग्र। मधुर वाणी; ऊँचे पद और बहुविषय ज्ञान। कामप्रवृत्ति की शास्त्रीय सावधानी। १८–१९ से आजीविका। पिता भक्ति पर सख्ती से खिन्न; बचपन उपेक्षित।

शिक्षा / कर्म

ऊँचे पद; जातिकाएं वकालत, नर्सिंग/चिकित्सा।

विवाह · जातक

पारिवारिक जीवन सुखी; पत्नी-बच्चों से पूर्ण सुख।

विवाह · जातिका

परिवार के लिए लक्ष्मी सदृश; व्यवहारकुशल, विनम्र, परिस्थितियों के अनुरूप। पुनर्वसु जातक से विवाह की शास्त्रीय सावधानी — विछोह आशंका।

स्वास्थ्य

स्वास्थ्य लापरवाही पर भी प्रायः ठीक।

शास्त्रीय स्वास्थ्य-संकेत

शास्त्रीय रोग-संकेत: अतिसार, पीलिया। पारंपरिक उपचार में पीपल-मूल बंधन का उल्लेख।

नक्षत्र गुण तालिका

आकृतिअग्निमय शवयात्रा (पीछे) · Back of Funeral Cot
दशा स्वामीशनि (Saturn)
देवताअहिर्बुध्न्य (Ahir Budhnya)
सीमामीन 3°20′–16°40′
स्वभावSthira
मुखAdho Mukha
दृष्टि · तारे · गणMadhyaksha · 2 · मनुष्य
खगोलीय नामγ Pegasi / α Andromedae
तमिल · मलयालमUthirattathi · Uthrattathi
संज्ञाध्रुव/स्थिर — बीजवपन, गृहारम्भ, बाग-उपवन आदि स्थिर कर्म
मुख-उपयोगऊर्ध्वमुख: प्रासाद निर्माण, राज्याभिषेक, ध्वजारोहण, ऊँचाई संबंधी कार्य
नेत्र संज्ञासुलोचन — खोई वस्तु: न पता, न प्राप्ति
योनि · नाड़ीगौ · मध्य

नामकरण अक्षर (चरण)

शास्त्रीय चरणाक्षर (देवनागरी), रोमन रूप और चरण स्वामी:

पद 1
दु
Du
सूर्य
पद 2
Tha
बुध
पद 3
Jha
शुक्र
पद 4
त्र
Na
मंगल

जन्म नक्षत्र कैसे जानें?

जन्म के समय चंद्रमा जिस नक्षत्र में हो, वही जन्म-नक्षत्र माना जाता है। कुंडली से अपना नक्षत्र और पद देखें, अथवा आज का पंचांग पर चंद्र नक्षत्र देखें। सभी नक्षत्र: २७ नक्षत्र सूची

संबंधित

सभी २७ नक्षत्र · उत्तर भाद्रपद · राशिफल · मुहूर्त · नक्षत्र लेख

आध्यात्मिक / ज्योतिषीय परिचय मात्र — चिकित्सा, कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं।

Comments (0)