उत्तर फाल्गुनी नक्षत्र (Uttara Phalguni) — देवता, स्वभाव, फल और नाम अक्षर

उत्तर फाल्गुनी — धार्मिक, कर्तव्यनिष्ठ, ईमानदार, समाजसेवी; कार्य पूर्ण उत्तरदायित्व से। स्वतंत्रप्रियता कभी अधीर/हठी/गुस्सैल बनाती है — द…

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August 30, 2024
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🤝 उत्तर फाल्गुनी (Uttara Phalguni) वैदिक ज्योतिष के २७ नक्षत्रों में 12वाँ नक्षत्र है। देवता अर्यमा, विंशोत्तरी दशा स्वामी सूर्य, राशि-सीमा सिंह–कन्या 26°40′–10°। अन्य नाम: अर्यमा · उत्तर नाम · अल सरफाह (अरबी)।

मित्रता और अनुबंध। स्थिर साझेदारी; सूर्य दशा स्वामी।

देवता अर्यमा; पर्याय अर्यमा/उत्तर नाम।

शास्त्रीय जन्मफल

शास्त्रीय संकेत: भोग-सुख, अभिमान की सावधानी; कृतज्ञता और बुद्धि संपन्नता।

गुण संकेत: उपचारक, पोषणकर्ता, व्यावहारिक

आकृति / व्यक्तित्व

लंबे, स्थूलकाय, कुछ लंबी नाक। जातिकाएं मध्यम कद, कोमल शरीर, लंबी नाक।

स्वभाव

धार्मिक, कर्तव्यनिष्ठ, ईमानदार, समाजसेवी; कार्य पूर्ण उत्तरदायित्व से। स्वतंत्रप्रियता कभी अधीर/हठी/गुस्सैल बनाती है — दिल साफ, धोखा नहीं देते। दूसरों का काम निष्ठा से, अपना कभी लापरवाह। बत्तीस तक संघर्ष, तीस बाद तेज तरक्की।

शिक्षा / कर्म

जनसंपर्क से लाभ; अध्यापन, लेखन, वैज्ञानिक शोध। जातिकाएं गणित-विज्ञान, अध्यापन/प्रशासन, मॉडलिंग/अभिनय।

विवाह · जातक

पारिवारिक जीवन न्यूनाधिक सुखी — संतोषप्रिय स्वभाव।

विवाह · जातिका

शांतिप्रिय, सिद्धांतप्रिय, मृदुभाषी; गृहकार्य दक्ष। प्रदर्शनप्रियता से बचें। वैवाहिक-पारिवारिक जीवन पूर्ण सुखी; पति-बच्चों से संतोष।

स्वास्थ्य

सामान्यतः ठीक; कलात्मक संवेदनशीलता excess से थकान की सावधानी।

शास्त्रीय स्वास्थ्य-संकेत

शास्त्रीय रोग-संकेत: बुखार, सिरदर्द, वायु, पितृ-पीड़ा। पारंपरिक उपचार में श्वेत आक-मूल बंधन का उल्लेख।

नक्षत्र गुण तालिका

आकृतिपलंग (पीछे) · Back of Cot
दशा स्वामीसूर्य (Sun)
देवताअर्यमा (Aryaman)
सीमासिंह–कन्या 26°40′–10°
स्वभावSthira
मुखAdho Mukha
दृष्टि · तारे · गणMadhyaksha · 2 · मनुष्य
खगोलीय नामDenebola
तमिल · मलयालमUthiram · Uthram
संज्ञाध्रुव/स्थिर — बीजवपन, गृहारम्भ, बाग-उपवन आदि स्थिर कर्म
मुख-उपयोगऊर्ध्वमुख: प्रासाद निर्माण, राज्याभिषेक, ध्वजारोहण, ऊँचाई संबंधी कार्य
नेत्र संज्ञाअंध — खोई वस्तु: शीघ्र लाभ का शास्त्रीय संकेत
योनि · नाड़ीगौ · आदि

नामकरण अक्षर (चरण)

शास्त्रीय चरणाक्षर (देवनागरी), रोमन रूप और चरण स्वामी:

पद 1
टे
Te
गुरु
पद 2
टो
To
शनि
पद 3
पा
Pa
शनि
पद 4
पी
Pi
गुरु

जन्म नक्षत्र कैसे जानें?

जन्म के समय चंद्रमा जिस नक्षत्र में हो, वही जन्म-नक्षत्र माना जाता है। कुंडली से अपना नक्षत्र और पद देखें, अथवा आज का पंचांग पर चंद्र नक्षत्र देखें। सभी नक्षत्र: २७ नक्षत्र सूची

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आध्यात्मिक / ज्योतिषीय परिचय मात्र — चिकित्सा, कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं।

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