परिचय
शूल तीक्ष्ण भाव वाला अशुभ योग है। साधारण आरंभों से बचें; व्रत-तप की साधना कभी-कभी उपयुक्त मानी जाती है।
- अर्थ
- शूल / तीक्ष्णता · Spear
- मुहूर्त स्वभाव
- अशुभ
- उपयुक्त कार्य
- व्रत, तप, आध्यात्मिक साधना; शुभ आरंभ टालें।
जन्म योग · शास्त्रीय संकेत
क्रोध-कलह की सावधानी।
मुहूर्त की शुभ/अशुभ सूची चुनाव (आरंभ) के लिए है — जन्म योग को अकेले भाग्य-निर्णय न मानें।
गणना (संक्षेप)
सूर्य की सायन/निरयण देशांतर + चंद्र की देशांतर; योगफल ≥ ३६०° हो तो घटाएँ; फिर १३°२०′ (८०० कला) से भाग — खंड क्रमांक ही नित्य योग है।
प्रायः एक योग लगभग २१–२५ घंटे रहता है; चंद्र गति से अवधि बदलती है। एक ही तिथि में सुबह-शाम अलग योग संभव।