परिचय
पहली नक्षत्र। आरंभ, गति और चिकित्सा की ऊर्जा। अधिकांश शुभ कार्यों के लिए अनुकूल मानी जाती है।
देवता अश्विनी कुमार — वैदिक चिकित्सा-देव युगल।
जन्मफल · शास्त्रीय संकेत: बुद्धिमान, धनवान, विनयी, यशस्वी और सुखी स्वभाव।
आकृति
सुंदर व्यक्तित्व; चौड़ा माथा, कुछ बड़ी नासिका, बड़े चमकीले नेत्र; आकृति अश्व जैसी कल्पित।
स्वभाव
अति बुद्धिमान, धनी, विनयशील और यशस्वी माने जाते हैं। शांत दिखते हैं पर निर्णय पर अटल; व्यवहार-कुशल, धैर्यवान किंतु क्रोध आने पर संयम कठिन। ईश्वर-आस्था पर पाखंड अरुचिकर; स्वच्छताप्रिय।
शिक्षा / कर्म
शिक्षा में सफलता; चिकित्सा, सुरक्षा, इंजीनियरिंग उपयुक्त। साहित्य-संगीत रुचि; प्रदर्शन-प्रिय व्यय से आय-संतुलन पर सावधानी। तीस वर्ष तक संघर्ष संभव।
विवाह · जातक
वैवाहिक जीवन प्रायः सुखी; विवाह योग लगभग २७–३० वर्ष; पुत्र-योग अपेक्षाकृत अधिक। मातृपक्ष सहायक, पिता से कम सहायता।
विवाह · जातिका
आकर्षक, धैर्यवान, मीठी वाणी, परंपराप्रिय। परिवार प्राथमिक। विवाह २३ वर्ष के बाद अनुकूल; विलंब/विछोह की शास्त्रीय सावधानी। पुत्री-योग अधिक।
स्वास्थ्य
जातिकाओं का स्वास्थ्य प्रायः ठीक; चिंता/मानसिक अशांति से व्याधि। मस्तिष्क विकार की सावधानी; रसोई/अग्नि और दुर्घटना से सतर्क रहें।
शास्त्रीय रोग-संकेत · उपचार
रोग-संकेत: वायु प्रकोप, अनिद्रा, मतिभ्रम, ज्वर
उपचार: पारंपरिक उल्लेख: चिरचिटा-मूल बंधन (मंत्र/जप यहाँ नहीं)।
पारंपरिक ज्योतिषीय उल्लेख मात्र — चिकित्सा सलाह नहीं।
- आकृति
घोड़े का मुख · Horse Face- सीमा
- मेष 0°–13°20′
- दशा स्वामी
- केतु (Ketu)
- देवता
- अश्विनी कुमार (Ashwini Kumara)
- वर्ण · जाति
- शूद्र वर्ण
- संज्ञा
- क्षिप्र/लघु
- योनि · नाड़ी
- अश्व · आदि · गंडमूल
- गण
- देव



























